18 महीने में पूरा होना था काम, कई निर्माण 7 से 19 महीने की देरी के बाद भी फिनिशिंग स्टेज पर
रीवा। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी सीएम राइज स्कूल योजना रीवा जिले में निर्माण की धीमी रफ्तार के कारण सवालों में है। जिले में करीब 356 करोड़ रुपए की लागत से बनाए जा रहे 8 अत्याधुनिक स्कूल भवन तय समय-सीमा के बाद भी तैयार नहीं हो सके हैं। अधिकांश निर्माण अभी भी फिनिशिंग स्टेज पर हैं, जबकि इनमें से कई का लक्ष्य वर्ष 2024 और 2025 में ही पूरा हो जाना था।
विभागीय रिपोर्ट के अनुसार सभी भवनों के निर्माण के लिए 18 माह की समय-सीमा तय की गई थी, लेकिन अधिकांश निर्माण निर्धारित अवधि पूरी होने के बाद भी अधूरे हैं। ऐसे में नए सत्र में छात्रों को आधुनिक भवनों का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
इन निर्माणों की समय-सीमा निकल गई
सबसे अधिक चर्चा डभौरा के सीएम राइज स्कूल भवन की है। करीब 41.73 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले इस भवन का लक्ष्य 25 दिसंबर 2024 था, लेकिन सात महीने बाद भी भवन पूरी तरह तैयार नहीं हो पाया। रीवा कन्या पीके परिसर में बन रहा 69.73 करोड़ रुपए का स्कूल भवन 31 जनवरी 2025 तक तैयार होना था, लेकिन अभी भी अंतिम चरण में काम चल रहा है।
रायपुर कर्चुलियान का 43.96 करोड़ रुपए का भवन 30 जून 2025 तक पूरा होना था। यही स्थिति सिरमौर (46.13 करोड़), मनगवां (50.60 करोड़), सेमरिया (44.24 करोड़) और त्योंथर (43.27 करोड़ रुपए) के भवनों की भी है। सभी जगह निर्माण कार्य अंतिम चरण में होने के बावजूद भवनों का हस्तांतरण नहीं हो सका। वहीं रघुनाथगंज में 40.14 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे भवन का लक्ष्य 28 फरवरी 2026 था और यहां भी अभी फिनिशिंग का कार्य जारी है।
आधुनिक सुविधाओं का इंतजार बढ़ा
सीएम राइज स्कूलों में स्मार्ट क्लास, आधुनिक लैब, लाइब्रेरी, खेल मैदान, डिजिटल शिक्षण व्यवस्था और अन्य सुविधाएं विकसित की जानी हैं। भवन तैयार नहीं होने से विद्यार्थियों को पुराने स्कूल भवनों में पढ़ाई करनी पड़ रही है। नई व्यवस्था शुरू होने में लगातार देरी हो रही है।
करोड़ों खर्च, लेकिन काम अधूरा
करीब 356 करोड़ रुपए खर्च होने के बावजूद अधिकांश निर्माण का समय पर पूरा नहीं होना निर्माण एजेंसियों और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है। यदि तय समय में निर्माण पूरा हो जाता तो इस सत्र से हजारों विद्यार्थियों को आधुनिक शैक्षणिक वातावरण मिल जाता।



